Monday, 11 May 2020

मोबाइल कम्पनियों के शोषण के विरुद्ध आवाज उठाये उपभोक्ता।

मोबाइल कम्पनियां कर रही हैं निरन्तर उपभोक्ताओं का शोषण।

पहले लाइफटाइम प्लान समाप्त कर पैंतीस रुपए महीने रीचार्ज की बाध्यता कर दी।

फिर पैंतीस रुपए के स्थान पर न्यूनतम उनचास रुपए प्रति माह रीचार्ज की बाध्यता कर दी।

फिर दरों में भारी वृद्धि कर दी।

किन्तु स्पीड फोर जी के स्थान पर टूजी की मिल रही है।

सभी मोबाइल उपभोक्ता मोबाइल कम्पनियों के लाइफ टाइम प्लान को समाप्त कर प्रतिमाह न्यूनतम रीचार्ज की बाध्यता करने, दरों में बेतहाशा वृद्धि करने तथा फोर जी सेवा का मूल्य लेकर टू जी सेवा दिये जाने के विरुद्ध आवाज उठाये।

प्रधानमंत्री जनशिकायत पोर्टल " माई ग्रीवांस " पर शिकायत दर्ज करावे।

केसीसी का एक वर्ष का ब्याज माफ करें सरकार।

लाकडाउन के दृष्टिगत कृषकों के हित में सरकार ले ये निर्णय :

# कृषकों का एक वर्ष का नलकूप और घरेलू विजली का बिल माफ किया जावे।

# के सी सी का एक वर्ष का ब्याज माफ किया जावे।

# केसीसी की सीमा दोगुनी करते हुए ब्याज दर एक प्रतिशत की जावे।

जय हिन्द!

भारतीय कृषक पंचायत

अप्रैल, मई व जून माह का शुल्क माफ करने की मांग को लेकर होगा सत्याग्रह।

भारतमाता की जय।
वन्देमातरम्।
इन्कलाब जिंदाबाद।
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समस्त सूचना/सामाजिक कार्यकर्ताओं एवं उन अभिभावकों से जिनके पाल्य निजी विद्यालयों में शिक्षा गृहण कर रहे हैं, से 
आग्रह :
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वैश्विक महामारी के कारण लाकडाउन की स्थिति में विद्यालय बन्द होने तथा शिक्षण कार्य न होने के पश्चात भी निजी विद्यालयों द्वारा छात्रों से अप्रैल, मई व जून माह का शुल्क मांगा जा रहा है।जो सर्वथा अनुचित है।

शासन द्वारा भी स्पष्ट आदेश निर्गत नहीं किए गए हैं। जिस कारण निजी विद्यालयों के संचालक शुल्क की मांग कर रहे हैं।पाल्यो के अहित के भय के कारण अभिभावक विरोध नहीं कर पा रहे हैं।

ऐसी स्थिति में माह अप्रैल, मई व जून का शुल्क माफ किए जाने की मांग को लेकर दिनांक 15 -05-2020 को दिन में 11:00 बजे से 01:00 बजे तक घरों में ही सत्याग्रह करने का निर्णय लिया गया है।

समस्त सूचना व सामाजिक कार्यकर्ता दिनांक 15-05-2020 को दिन में 11:00 बजे से 01:00 बजे तक अपने अपने घरों में दो घंटे, मांग युक्त पट्टिका हाथ में लेकर सत्याग्रह करेंगे।साथ ही मांगपत्र ईमेल के माध्यम से मुख्यमंत्री महोदय को प्रेषित करने के साथ ही जनसुनवाई पोर्टल एवं माई ग्रीवांस पोर्टल पर भी प्रेषित करेंगे।

समस्त अभिभावकों से भी आग्रह है कि वे भी भय का त्याग कर, साहस का परिचय देते हुए, इस सत्याग्रह में भागीदारी करें।

( मांग युक्त पट्टिका का प्रारूप एवं मांगपत्र प्रेषित कर दिया जाएगा।)

सत्याग्रह की रणनीति तैयार करने हेतु आयोजित होने वाली बैठकों में सहभागिता हेतु सभी के मोबाइल फोन में  " zoom app" का होना आवश्यक है।

अस्तु भ्रष्टाचार मुक्ति अभियान के समस्त पदाधिकारी,सहयोगी व सूचना कार्यकर्ता अपने मोबाइल फोन में " zoom app " डाउनलोड कर लें तथा दिनांक 12-05-2020 को सायं 04:30 बजे आयोजित होने वाली बैठक में सहभागिता सुनिश्चित करें।


जय हिन्द !

हरि प्रताप सिंह राठोड़
अधिवक्ता
मुख्य प्रवर्तक
भ्रष्टाचार मुक्ति अभियान
9536162424

।। रिश्वत देना पाप है रिश्वत लेना महापाप है।।
। शिक्षा और चिकित्सा निजी हाथों से मुक्त हो।

Sunday, 10 May 2020

देर रात्रि तक चला आनलाइन अखिल भारतीय कवि सम्मेलन।

हल्दीघाटी के शूरवीर ऐसे थे वह राणा प्रताप।।

महाराणा प्रताप जयंती के अवसर पर अखिल भारतीय आनलाइन कवि सम्मेलन आयोजित।

 महाराणा प्रताप जयंती के शुभ अवसर पर भारतीय हिन्दी सेवी पंचायत के बैनर तले एक अखिल भारतीय आनलाईन कवि सम्मेलन आयोजित किया गया जिसकी अध्यक्षता प्रमोद दीक्षित 'मलय' बांदा ने की और मुख्य अतिथि  हरिप्रताप सिंह राठौड़ एडवोकेट (अध्यक्ष, भारतीय हिन्दी सेवी पंचायत) रहे। कार्यक्रम का संचालन ओजस्वी कवि षटवदन शंखधार (बदायूं) ने किया 
कार्यक्रम का शुभारम्भ महाराणा प्रताप के चित्र पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्ज्वलन से हुआ। अनूप सत्यवादी लखनऊ ने सरस्वती वंदना प्रस्तुत की |

तत्पश्चात प्रमोद दीक्षित मलय बांदा ने महाराणा प्रताप  को याद करते हुए कहा कि प्रताप का जीवन भारतीय स्वाभिमान एवं शौर्य-पराक्रम की अमिट गाथा है, जीवंत प्रतीक है। 

वह राजपूती मान-मर्यादा के रक्षक-पोषक थे। उनके रक्त का कण-कण और सांसों की प्रत्येक धड़कन देश और प्रजा की रक्षा के लिए समर्पित थी। आज हमें महाराणा प्रताप के मूल्यों एवं आदर्शों को जीवन में अपनाने की जरूरत है।

कौशाम्बी से रघुनाथ द्विवेदी ने महाराणा प्रताप जी के पराक्रम एवं स्वाभिमान में एक सुंदर मुक्तक प्रस्तुत किया :

मन हो चेतक तन हो प्रताप हो स्वाभिमान की रक्षा।
राणा प्रताप के जीवन से ली है हमने यह दीक्षा।
हर कर्म दक्ष,हर धर्म दक्ष चाहे थी अग्निपरीक्षा,
राणा प्रताप के जीवन से ली है हमने यह शिक्षा।

 ललितपुर उ0 प्र0 के कवि शीलचन्द्र जैन 'शील ' ने अपनी भावांजलि प्रस्तुत करते हुए लिखा -

फङक उठीं तब सबल भुजाएँ, शत्रु की फाङने छाती ।
रणबांकुरे राणा ने रण में,  रक्तिम की हल्दीघाटी ।।
शत्रु प्रवल था ,लङे शौर्य से , क्षत्रियोचित साहस न छोङा ।
समर क्षेत्र में बना सहायक, चेतक रणबांका घोङा ।।

बदायूं के कवि षटवदन शंखधार ने पढ़ा--------------

घास की जो रोटियां भी खाकर के जिन्दा रहा 
स्वाभिमानी भरी जिन्दगानी को प्रणाम है

श्रेया द्विवेदी कौशांबी ने पढ़ा------------

हसीन तो बहुत होते हैं पर 
सभी रानी पदमिनी जैसे नहीं होते 
पूत तो सभी होते हैं पर
महाराणा प्रताप जैसे सपूत नहीं होते।

देश विदेश के कवि सम्मेलनों में प्रतिनिधित्व करने वाले कवि उमाकांत "प्राज्ञहंस" ने पढ़ा-

महाराणा प्रताप तुमको बारंबार नमन...

अभिलाषा मिश्रा (बिहार )ने पढ़ा कि

समर भूमि में तलवार का प्रहार क्या ही
कहते हैं राणा का तो अश्व भी कमाल था 
अपने शिविर में ही भयभीत सैन्य दल 
रहता सजग ऐसा टाप का भूचाल था


ओजस्वी कवि डां अनिरुद्ध अवस्थी जी ने पढ़ा-----------

मेवाड़ मान का उन्नायक।
रणवीरों का, प्रणवीरों का,
वीरों का वीर महा नायक ।
वनवासी जीवन जीकर भी, फहराया केसरिया निशान।
राणा प्रताप, राणा प्रताप, भारत माता का स्वाभिमान।

रीतु प्रज्ञा दरभंगा बिहार ने पढ़ा----------------

धन्य हुई भारतभूमि अवतरित कर वीर प्रताप ,
स्वाभिमान का हथियार थाम सहे सभी ताप
युगों-युगों तक गाए जाएंगे उनकी शौर्य गाथा
शीश झुकाकर करते रहेंगे हम उनको बारम्बार प्रणाम।

सीमा प्रधान बरेली ने पढ़ा :

जड़ से खो देते दुश्मन को नस्ले उसकी करती प्रलाप।
हल्दीघाटी के शूरवीर ऐसे थे वह राणा प्रताप।
              


बदायूं के सुनील कुमार शर्मा ने पढ़ा----------


संकट के काल में भी पथ से डिगा नहीं जो
एक व्रत धारी त्रिपुरारी का पुजारी था 
भारत का महावीर हिन्दुओं का स्वाभिमान
मुगलों के लिए बना महाकाल भारी था

कवि कमल कालु दहिया ने पढा 

  ओ समर नाद रो सेवत 
       अकबर से लड़गयो 
  सगला अण रे विरोधी 
       मानसिंह पगा पड़गयो।

तत्पश्चात एस के कपूर" श्री हंस" अध्यक्ष, भारतिय हिंदी सेवा पंचायत, बरेली ने उक्त पंक्तियों से  महाराणा प्रताप को नमन किया।

महाराणा प्रताप देश के गौरव अजर
अमर महान थे।
जो कभी न भूला जाये उस चित्तौड़
की संतान थे।।


अमित राज बिहार ने कहा-----++++

रण में राणा के पराक्रम का दृश्य था सतरंगी,
लड़ रहे थे ऐसे वे जैसे लड़ रहे स्वयं बजरंगी


हरगोविंद पाठक *दीन * ने पढ़ा ------------

युध्द भूमि में बजी तान एक प्रताप की तलवार की ।
चेतक की टापें दे गयी आवाज एक मल्हार सी।


अचिन मासूम ने पढ़ा ------------

""हे वीर शिरोमणि शक्तिपुंज अतुल तेज  बल धारी,
हे क्रांति दूत राणा प्रताप जय जय हो सदा तुम्हारी!!


कविता चौहान (चंदौसी) ने पढ़ा --------

महाराणा प्रताप जैसे वीर।
हर हिन्दुस्तानी को प्यारा है।।
मेवाड़ी सरदार के चरणों।
में शत - शत नमन हमारा है।।

 किशन लाल (राजस्थान ) ने पढ़ा---

अच्छे अच्छों को धूल चटा दी रे
महाराणा प्रताप ने सबको धूल चटा दी रे


इसके अलावा अनूप सत्यवादी लखनऊ ,डां सुरेश वी देसाई गुजरात , अनिल प्रजापति मध्य प्रदेश,डां उषा पाठक कनक मिर्जापुर,डां आनंद मिश्रा अधीर बदायूं, विष्णु गोपाल अनुरागी ,पवन शंखधार बदायूं, मनीष प्रेम आदि सबने देर रात तक काव्य पाठ किया और सभी नागरिकों ने बहुत सराहा और खूब उत्साहवर्धन किया साथ ही लाकडाउन का सही उपयोग भी बताया।
इस अवसर पर श्रोता के रूप में डॉ मनोज सेनानी, सीमा चौहान, डॉ सुशील कुमार सिंह, डॉ शैलेन्द्र कुमार सिंह, अखिलेश सिंह चौहान,आर्येन्द्र पाल सिंह, शिशुपाल सिंह, राकेश सिंह,अभय प्रताप सिंह, विजय भान सिंह आदि उपस्थित रहे।

Saturday, 9 May 2020

सन्त रविदास सेवा न्यास के अध्यक्ष ने मनाई महाराणा प्रताप जयंती।

सन्त रविदास सेवा न्यास के अध्यक्ष वीरेंद्र कुमार जाटव के नेतृत्व में उनकी टीम के द्वारा प्रतिवर्ष महाराणा प्रताप की जयंती की पूर्व संध्या पर महाराणा प्रताप चौक पर स्थित प्रतिमा स्थल की स्वच्छता का कार्य करके देश में सामाजिक समरसता का सन्देश दिया जाता है तथा जयंती समारोह में भी विशेष सहयोग किया जाता है।इस वर्ष लाकडाउन के कारण वीरेन्द्र कुमार जाटव ने घर पर ही परिवार के साथ महाराणा प्रताप जयंती मनाई।

लोकपर्व की तरह प्रथम बार देश भर में मनाई गई महाराणा प्रताप जयंती।

हर्षोल्लास के साथ घर घर में मनाई गई महाराणा प्रताप जयंती।

ग्यारह सौ महाराणा प्रताप किट का जनपद भर में हुआ वितरण।

निबंध और पेंटिंग प्रतियोगिता के परिणाम घोषित।

महाराणा प्रताप के बताये मार्ग का अनुसरण करें समाज - डॉ व्यस्त।

महाराणा प्रताप से लें देशभक्ति की प्रेरणा - राजीव कुमार सिंह।

महाराणा प्रताप विकास ट्रस्ट एवं क्षत्रिय महासभा बदायूं के तत्वावधान में महाराणा प्रताप जयंती जनपद के पचास हजार परिवारों में पर्व के रूप महाराणा प्रताप के चित्र पर माल्यार्पण/पुष्पार्चन कर मनाई गई। क्षत्रिय महासभा उत्तर प्रदेश के प्रदेश कोषाध्यक्ष डॉ सुशील कुमार सिंह, संरक्षक अमर सिंह, जिला अध्यक्ष राकेश सिंह, भाजपा जिलाध्यक्ष अशोक भारतीय,अभय प्रताप सिंह आदि ने लाकडाउन का पालन करते हुए महाराणा प्रताप चौक पर स्थित महाराणा प्रताप की प्रतिमा पर माल्यार्पण किया।

तदन्तर वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से एक आनलाइन सभा का आयोजन मार्गदर्शक आचार्य प्रताप सिंह की अध्यक्षता में किया गया। आनलाइन सभा में मुख्य अतिथि के रूप में सदस्य विधान परिषद डॉ जयपाल सिंह व्यस्त तथा विधायक दातागंज राजीव कुमार सिंह "बब्बू भैया"तथा जिलाधिकारी जौनपुर दिनेश कुमार सिंह उपस्थित रहे।

इस अवसर पर विचार व्यक्त करते हुए डॉ जयपाल सिंह व्यस्त ने कहा कि महाराणा प्रताप एक सच्चे राष्ट्रभक्त थे,महान योद्धा थे, शस्त्र और शास्त्र पर उनका समान अधिकार था।  उन्होंने अपना सर्वस्व देश के लिए न्योछावर कर दिया। उनकी वीरगाथा की कहानियां भारत में ही नहीं बल्कि अन्य देशों में भी सुनाई जाती है।आज हमे महाराणा प्रताप के बताये गये मार्ग पर चलने की आवश्यकता है।

विधायक दातागंज राजीव कुमार सिंह बब्बू भैया ने कहा कि यह हमारा सौभाग्य है कि हमने उस भारत भूमि मेंं जन्म लिया जहां महाराणा प्रताप जैसे राष्ट्रभक्त पैदा हुए। महाराणा प्रताप वीर शिरोमणि होने के साथ ही राष्ट्रीय स्वाभिमान के प्रतीक हैं। सम्पूर्ण जीवन उन्होंने देश और समाज के लिए जिया। हमारे देश के नागरिकों को महाराणा प्रताप से देशभक्ति की प्रेरणा लेनी चाहिए।

जिलाधिकारी जौनपुर दिनेश कुमार सिंह ने कहा कि समस्त जनपदवासियो को महाराणा प्रताप जयंती की हार्दिक शुभकामनाएं दी।

इस अवसर पर निबंध व पेंटिंग प्रतियोगिता के परिणाम भी घोषित किए गए। निबंध प्रतियोगिता में उदित प्रताप सिंह ने प्रथम स्थान,अनुराग सिंह ने द्वितीय स्थान,काव्या सिंह ने तृतीय स्थान,साक्षी मिश्रा ने चतुर्थ स्थान तथा गरिमा सिंह एवं सुमित राघव ने संयुक्त रूप से पंचम स्थान प्राप्त किया।

पेंटिंग प्रतियोगिता में धनिष्का सिंह ने प्रथम स्थान,रजत प्रताप सिंह ने द्वितीय स्थान, नम्रता सिंह ने तृतीय स्थान,तान्या माथुर ने चतुर्थ स्थान व अन्जलि तोमर ने पंचम स्थान प्राप्त किया। निबंध और पेंटिंग प्रतियोगिता के प्रतिभागियों को आगामी कार्यक्रम में सम्मानित किया जाएगा।

सभा में प्रमुख रूप से हरि प्रताप सिंह राठोड़ एडवोकेट, डॉ सुशील कुमार सिंह,प्रताप सिंह आचार्य,अमृतपाल सिंह, राकेश सिंह, जगमोहन सिंह राघव, वेदपाल सिंह कठेरिया, दिनेश सिंह एडवोकेट, अखिलेश सिंह चौहान, अमित तोमर, अवनीश सोलंकी,आर्येन्द्र पाल सिंह,अभय प्रताप सिंह, राजपाल सिंह राठोड़, धर्मेंद्र सिंह प्रधान, करूणा सोलंकी,रानी सिंह पुंडीर, भुवनेश कुमार सिंह, अवधेश सोलंकी,करन प्रताप सिंह, शिशुपाल सिंह,शिशपेन्द्र सिंह, रूपकिशोर सिंह,सौरभ सिंह, धर्मेंद्र सिंह वैध,शिवम सिसौदिया, ब्रजेश सिंह आदि उपस्थित रहे।

Friday, 8 May 2020

भारत भू के राजमुकुट का भावपूर्ण स्मरण।

जिनका शस्त्र और शास्त्र पर था समान अधिकार।

जिसने शाकाहारी होने के कारण घास की रोटी खायी, 

कभी मदिरा पान नहीं किया।

ऐसे गुणों से युक्त भारत भू के राजमुकुट, महान महायोद्धा महाराणा प्रताप का भावपूर्ण स्मरण।