Wednesday, 29 April 2020

महाराणा प्रताप जयंती मनाने की विधि।

महाराणा प्रताप जयंती मनाने की विधि :
( यह मैसेज अपने हर परिचित व सम्बन्धी को प्रेषित करें। महाराणा प्रताप के चित्र को व्हाटस एप पर डीपी के रूप में तथा फेशबुक पर प्रोफाइल पिक्चर के रूप में प्रयोग करें। )

आवश्यक सामग्री
१- महाराणा प्रताप का एक चित्र।
२-एक स्टूल या मेज।
३- एक मेजपोश या स्टूल/मेज पर विछाने हेतु स्वच्छ कपड़ा।
४- पुष्प/पुष्प माला।
५- एक दीपक।
६- रुई की बत्ती।
७- देशी घी/ सरसों का तेल।
८- माचिस।
९- रोली।
१०- अक्षत/चावल।
११- धूपबत्ती/अगरबत्ती।
१२- पांच दीपक मिट्टी या आटा के।

09-05-2020 को दोपहर 11:00 बजे महाराणा प्रताप जयंती इस प्रकार मनाये :-
-------------------------------------------------

उपरोक्तानुसार सामग्री एकत्र कर लें। 
(यदि चित्र उपलब्ध नहीं है तो किसी भी इन्टरनेट कैफे से प्रिन्ट निकलवा लें।)
सर्वप्रथम एक स्वच्छ स्थान पर स्टूल/मेज डाले तथा उस पर मेजपोश/कपड़ा विछावे। फिर उस पर महाराणा प्रताप का चित्र स्थापित करें। चित्र पर रोली चावल से तिलक करें, पुष्प/पुष्प माला अर्पित करें, धूपबत्ती/अगरबत्ती जलाएं, फिर एक दीपक जलाकर महाराणा प्रताप को प्रणाम करें तथा उनके गुणों को जीवन में उतारने का संकल्प ले।

सायंकाल सात बजे :-
---------------------------
सभी परिजनों के साथ घी अथवा सरसों के तेल के पांच दीपक अपने घर के दरवाजे पर जलाये।

विशेष :- १-उपरोक्त दोनों कार्यक्रमों में स्वच्छता का ध्यान रखें,स्वच्छ वस्त्र धारण करें।
२- महाराणा प्रताप के जीवन से सम्बन्धित पुस्तकें पढ़ें। पुस्तक उपलब्ध न होने पर गूगल का सहारा लें।
३- नई पीढ़ी को महाराणा प्रताप की जीवनी पढ़ने हेतु प्रेरित करें।

निवेदक :

महाराणा प्रताप विकास ट्रस्ट
क्षत्रिय महासभा बदायूं
9536162424

Monday, 27 April 2020


एक बार पढ़े अवश्य,
सम्भव हो तो स्वीकारें ।।
---------------------------

सोशल मीडिया पर प्रतिदिन महापुरुषों, राजनेताओं, वैज्ञानिकों, साहित्यकारों, खिलाड़ियों आदि  की जयंती और पुण्यतिथि पर उनके चित्र सहित, साथ में अपने चित्र और पद वैभव सहित आस्था/कृतज्ञता/श्रद्धा और सम्मान प्रकट करने की एक होड़ सी लग गई है।

ऐसे ऐसे महानुभावों के नाम से सोशल मीडिया पर सक्रिय व्यक्तियो को परिचित कराया जा रहा है, सामान्य क्रम में जिन महान विभूतियों  के बारे में सुना ही नहीं है। इस चेतना वृद्धि का श्रेय गूगुल  को ही जाता है।

अब मेरा आग्रह उन महानुभावों से है जो नित्य प्रति हमें ऐसी महान विभूतियों से परिचित कराते हैं  : 

# क्या उन महान विभूतियों की जन्म और मृत्यु की तिथि के ज्ञान से समाज को कुछ प्राप्त होने वाला है?

# क्या उन महान विभूतियों के संपूर्ण जीवन परिचय व विचारों को हमने पढ़ा है?

#  उन महान विभूतियों के जीवन के किस घटनाक्रम व विचार ने हमें प्रभावित किया है?
 
#  उन महान विभूतियों का कौन सा विचार व जीवन का घटनाक्रम व्यक्ति को प्रेरित कर सकता है तथा सामाजिक परिवर्तन का कारण बन सकता है?

मेरा मंतव्य किसी की चेतना को प्रश्नचिन्हित करने का कदापि नहीं है बल्कि मेरी अपेक्षा यह है कि उस महान विभूति की जयंती एवं पुण्य तिथि पर हम उसका स्मरण ही न करें बल्कि उसके विचारों से सभी को परिचित कराने का प्रयास भी करें।
**********************************

आज भारत रत्न डा भीम राव अंबेडकर जी की जयंती है, आपदा काल में हम उनके प्रति आस्था प्रदर्शन हेतु विभिन्न प्रकार के कार्यक्रमों का आयोजन कर पाने में असमर्थ हैं , किन्तु उनके ऐसे विचार, जिससे आप प्रभावित हुए हों उनसे समाज को परिचित कराने का प्रयास अवश्य होना चाहिए।

मेरा उन सभी प्रबुद्ध नागरिकों से आग्रह है कि आदरणीय बाबासाहेब के महत्त्वपूर्ण/ मूल्यवान विचारों से अवगत कराकर समाज हित में एक आहुति अवश्य दें।

हरि प्रताप सिंह राठोड़
अधिवक्ता
मुख्य प्रवर्तक
भ्रष्टाचार मुक्ति अभियान
९५३६१६२४२४


Sunday, 26 April 2020


सभी कविगण से विनम्र अनुरोध :

( यदि आपके सम्पर्क में/ परिचितों में/मित्रों में कोई काव्य लेखन करता है या उसकी साहित्यिक अभिरुचि हो तो उन्हें यह सन्देश अवश्य भेजें )

महाराणा प्रताप विकास ट्रस्ट के तत्वावधान में महाराणा प्रताप जयंती के अवसर पर नौ मई २०२० को  "महाराणा प्रताप के व्यक्तित्व, कृतित्व, जीवन दर्शन व वर्तमान सन्दर्भो में उनकेे विचारों की प्रासन्गिकता " विषय पर एक काव्य संग्रह प्रकाशित करने की योजना है।

लाकडाउन में समय के सदुपयोग हेतु उपरोक्त विषय पर लेखनी चलाना श्रेयस्कर रहेगा।

रचनाये 30 अप्रैल 2020 तक अवश्य प्राप्त हो जाये, ताकि समय पर सन्ग्रह प्रकाशित हो सके।

अब तक उत्तर प्रदेश के अतिरिक्त दिल्ली, हरियाणा, राजस्थान, मध्य प्रदेश, उत्तराखंड, छत्तीसगढ़  के अनेक ख्यातिलब्ध साहित्यकारों की उत्कृष्ट रचनाएं प्राप्त हो चुकी है।

नौ मई को महाराणा प्रताप जयंती के अवसर पर आयोजित होने वाले भव्य समारोह में महाराणा प्रताप की परम्परा के किसी राष्ट्रीय ख्याति लब्ध व्यक्तित्व के करकमलों द्वारा काव्य संग्रह का विमोचन होगा।

जिन सम्मानित रचनाकारों की रचनाओं को काव्य संग्रह में स्थान मिलेगा, उन्हें सम्मानित किया जाएगा।

30-04-2020 तक रचनाएं ईमेल आईडी haripratapsingh@live.com पर प्रेषित करें।

डॉ शैलेन्द्र कुमार सिंह
पूर्व उप मुख्य पशु चिकित्साधिकारी
सदस्य प्रदेश कार्यकारिणी
क्षत्रिय महासभा उत्तर प्रदेश
सम्पर्क : 8923584434



हरि प्रताप सिंह राठोड़
अधिवक्ता
अध्यक्ष
महाराणा प्रताप विकास ट्रस्ट
9536162424


भारतमाता की जय।
वन्देमातरम्।
इन्कलाब जिंदाबाद।
---------------------------

समस्त सूचना/सामाजिक कार्यकर्ताओं से 
आग्रह :

वैश्विक महामारी से निपटने हेतु लाकडाउन की अवधि में प्रतिदिन सायं पांच बजे दस मिनट  राष्ट्र राग का कीर्तन कर महामारी से मुक्ति हेतु प्रार्थना करें।

प्रार्थना में अतुलित बल होता है।

******************************
         ।। राष्ट्र राग ।।

रघुपति राघव राजाराम,
पतित पावन सीताराम।
ईश्वर अल्लाह तेरे नाम,
सबको सन्मति दे भगवान।।
***************************

# जागरूकता हेतु वीडियो/फोटो भी व्हाटस एप/फेशबुक/ट्विटर पर शेयर करें।

जय हिन्द !

हरि प्रताप सिंह राठोड़
अधिवक्ता
मुख्य प्रवर्तक
भ्रष्टाचार मुक्ति अभियान
9536162424

।। रिश्वत देना पाप है रिश्वत लेना महापाप है।।
। शिक्षा और चिकित्सा निजी हाथों से मुक्त हो।



प्रधानमंत्री जी ने पंचायत प्रतिनिधियों से सम्वाद किया।

मुख्यमंत्री जी ने पंचायत प्रतिनिधियों से सम्वाद किया।

पंचायतों की दुर्दशा पर कभी इनकी दृष्टि नहीं गई या फिर दृष्टि डालना जरूरी नहीं समझा।

ग्राम विकास से जुड़े विभागों के एकीकरण की भी चर्चा हुई किन्तु मंत्री पद कम हो जाने, अधिकारियों के पद कम हो जाने, प्रमोशन न होने या प्रमोशन में विलम्ब को लेकर नौकरशाही इस कार्य में बाधा बन गई। और पंचायत राज विभाग तथा ग्राम्य विकास विभाग एकीकृत नहीं हो सके।

कुछ अतिमहत्वपूर्ण तथ्य जो विचारणीय है :-
*******************************

१- क्या सभी ग्राम पंचायतों के अपने कार्यालय हैं?
२- क्या सभी ग्राम पंचायतों में ग्राम पंचायत अधिकारी व लेखपाल की नियुक्ति की गई है?
३-क्या सभी ग्राम पंचायतों में उत्तर प्रदेश पंचायत राज नियमावली के नियम 63 में वर्णित अभिलेख उपलब्ध है ? 
४- क्या पंचायत राज अधिनियम में दी गई व्यवस्था के अनुसार ग्राम पंचायत की बैठकें आयोजित की जाती है?
५-क्या पंचायत राज अधिनियम में दी गई व्यवस्था अनुसार गठित आधा दर्जन समितियां ग्राम पंचायतों में सक्रिय हैं ?
६- क्या ग्राम पंचायतों में कराये गये विकास कार्यों का विवरण सार्वजनिक स्थानों पर अंकित किया जाता है? 
७- क्या ग्राम पंचायत में नियुक्त सफाई कर्मी सफाई कार्य करता है या फिर किसी नेता या अधिकारी के यहां सेवा दे रहा है ? 
८- क्या राजस्व सन्हिता में दी गई व्यवस्था के अनुसार प्रत्येक ग्राम पंचायत में ग्राम राजस्व समिति का गठन किया गया है जिसका अध्यक्ष प्रधान पद के चुनाव में दूसरे स्थान पर रहा उम्मीदवार होता है?
९- क्या राशन की निगरानी हेतु सतर्कता समिति गठित की गई है?
१०-  महिला प्रतिनिधियों के स्थान पर उनके निकट सम्बन्धी तो कार्य नहीं कर रहे हैं।
११- जिस अनुपात में महिला प्रतिनिधि चुने जाते हैं,उस अनुपात में महिला अधिकारियों व कार्मिकों की नियुक्ति की गई है।
१२- रोजगार गारंटी योजना मनरेगा के अंतर्गत प्रतिवर्ष कितने लोगों को सौ दिन रोजगार मिला ?
१३-जब संसद व विधानसभा की कार्यवाही आम जनता देख सकती है तो ग्राम पंचायत की कार्यवाही आम जनता क्यो नही देख सकती।
१४- ग्राम पंचायतों में विकास योजनाओं व विभिन्न लोक कल्याणकारी योजनाओं के क्रियान्वयन की जिम्मेदारी ब्लाक की है ,ब्लाक की स्थिति देखें :-
* ब्लाक में खन्ड विकास अधिकारी नहीं।
* ब्लाक में सहायक विकास अधिकारी नहीं।
*ब्लाक में अवर अभियंता नहीं।
* ब्लाक में प्रधान लिपिक नहीं।
* ब्लाक में आन्किक सहित अन्य लिपिक नहीं।
* ब्लाक में कर्मचारियों को बने आवास खन्डहर हो गये।
१५- अब तहसील ईकाई की स्थिति देखें :-
* तहसीलदार के पद रिक्त।
* नायब तहसीलदार के पद रिक्त।
* राजस्व निरीक्षक और लेखपाल के पद बड़
 संख्या में रिक्त।
******************************
हम कैसे मान लें कि पंचायत राज व्यवस्था सुदृढ़ है।
*******************************

आनलाइन बैठक में बनी महाराणा प्रताप जयंती कार्यक्रम की योजना।

जनपद के पचास हजार परिवारों मेंं जयंती कार्यक्रम का लक्ष्य।

पदाधिकारियों को ब्लाकवार व तहसीलवार सौपी जिम्मेदारी।

महाराणा प्रताप जयंती कार्यक्रम की कार्ययोजना तैयार करने हेतु महाराणा प्रताप विकास ट्रस्ट एवं क्षत्रिय महासभा बदायूं की एक आनलाइन बैठक आयोजित की गई।

बैठक में सभी ब्लाक अध्यक्ष, तहसील अध्यक्ष, सभी प्रकोष्ठों के जिला अध्यक्ष, क्षत्रिय महासभा बदायूं के सभी जिला स्तरीय पदाधिकारी, जनपद में निवास कर रहे मन्डल व प्रदेश के पदाधिकारी, मार्ग दर्शक मन्डल एवं संरक्षक मंडल के सदस्यों ने भागीदारी की।

वर्तमान वैश्विक आपदा के दृष्टिगत किसी घरों में ही महाराणा प्रताप जयंती मनाने की योजना बनाई गई। जनपद के पचास हजार परिवारों में जयंती के कार्यक्रम आयोजित कराने का लक्ष्य तय किया गया है।लक्ष्य की प्राप्ति हेतु प्रत्येक ब्लाक एवं तहसील स्तर पर पांच पांच प्रभारी नियुक्त किए गए हैं। प्रभारियों का यह दायित्व है कि वे अपने ब्लाक और तहसील में नियमित सम्वाद करके यह प्रयास करें कि हर घर में महाराणा प्रताप की जयंती मनाई जावे।

नौ मई को दिन में ग्यारह बजे महाराणा प्रताप के चित्र पर माल्यार्पण/पुष्पार्चन किया जायेगा। सायंकाल सात बजे हर घर में दरवाजे पर पांच दीपक जलाकर महाराणा प्रताप के प्रति आस्था प्रदर्शित की जाएगी।

नौ मई को ही महाराणा प्रताप के जीवन दर्शन पर आधारित चित्र प्रतियोगिता व निबंध प्रतियोगिता के परिणाम भी घोषित किए जायेंगे।

स्थिति सामान्य होने पर समारोह का आयोजन किया जाएगा जिसमें प्रतिवर्ष की भांति भामाशाह सम्मान, हाकिम खान सूरी सम्मान व प्रतिभाशाली छात्र छात्राओं, चित्र प्रतियोगिता व निबंध प्रतियोगिता के प्रतिभागियों को सम्मानित किया जाएगा।

इस वर्ष महाराणा प्रताप के जीवन दर्शन पर आधारित एक काव्य संग्रह भी प्रकाशित किया जा रहा है।अब तक देश के आधे से अधिक राज्यों के ख्यातिलब्ध साहित्यकारों की रचनाओं को काव्य संग्रह में स्थान दिया जाएगा। काव्य संग्रह का विमोचन उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री के करकमलों द्वारा कराया जायेगा।

प्रतिदिन सायं पांच बजे आनलाइन समीक्षा बैठक आयोजित की जाएगी।

आनलाइन बैठक में प्रमुख रूप से हरि प्रताप सिंह राठोड़ एडवोकेट, डॉ सुशील कुमार सिंह, डॉ शैलेन्द्र कुमार सिंह, विजय पाल सिंह, मुनीश कुमार सिंह, राकेश सिंह, शिशुपाल सिंह, गोपाली सिंह, गिरीश पाल सिंह, वेदपाल सिंह कठेरिया, धर्म वीर सिंह एडवोकेट, दिनेश सिंह एडवोकेट, अखिलेश सिंह चौहान, नरेंद्र सिंह, राजपाल सिंह,आर्येन्द्र पाल सिंह, सुखवीर सिंह भदौरिया, विजय रतन सिंह, रतन वीर सिंह, अवधेश सिंह,भानुप्रताप सिंह, विपिन कुमार सिंह, अवनीश कुमार सिंह, राजीव कुमार सिंह, डाल भगवान सिंह,धीरज पाल सिंह राणा, देवी सिंह देवड़ा आदि उपस्थित रहे।

Sunday, 3 March 2019

महाराणा प्रताप जयंती समारोह की बनी रूपरेखा

महाराणा प्रताप जयंती समारोह की बनी योजना।

जिला सहकारी बैंक के पूर्व अध्यक्ष मुनेन्द्र पाल सिंह को समर्पित होगा कार्यक्रम।

निबंध लेखन, पेंटिंग व वेश विन्यास प्रतियोगिताओं का होगा आयोजन।

मुख्य अतिथि व विशिष्ट अतिथियों के नाम पर हुआ विचार।

क्षत्रिय महासभा बदायूं के तत्वावधान में महाराणा प्रताप जयंती समारोह 2019
की कार्ययोजना तैयार करने हेतु योजना बैठक जिला अध्यक्ष राकेश सिंह के शिवपुरम स्थित आवास पर महाराणा प्रताप विकास ट्रस्ट के ट्रस्टी धनपाल सिंह की अध्यक्षता में सम्पन्न हुई

इस अवसर पर विचार व्यक्त करते हुए क्षत्रिय महासभा  के प्रदेश मंत्री डॉ सुशील कुमार सिंह ने कहा कि हर वर्ष की भांति इस वर्ष भी महाराणा प्रताप जयंती समारोह धूमधाम से आयोजित किया जाएगा। इस वर्ष का जयंती समारोह महासभा के मार्गदर्शक रहे जिला सहकारी बैंक के पूर्व अध्यक्ष स्व मुनेन्द्र पाल सिंह को समर्पित रहेगा।

महासभा के मंडल उपाध्यक्ष धर्मेंद्र सिंह प्रधान ने कहा कि महाराणा प्रताप जयंती समारोह 2019 में विभिन्न प्रतियोगिताओं को आयोजित किया जाएगा। महाराणा प्रताप के जीवन से दर्शन पर निबंध व पेंटिंग प्रतियोगिताओं एवं वेश विन्यास प्रतियोगिताओं का आयोजन किया जाएगा।साथ ही विभिन्न सांस्कृतिक कार्यक्रम भी आयोजित होंगे।

क्षत्रिय महासभा बदायूं के संरक्षक डॉ शैलेन्द्र कुमार सिंह ने कहा कि मुख्य अतिथि के रूप में देश प्रदेश में ख्याति लब्ध व्यक्ति को आमंत्रित किया जायेगा। क्षत्रिय महासभा बदायूं के समस्त पदाधिकारी और कार्यकर्ता अभी से कार्यक्रम को ऐतिहासिक बनाने के लिए तन मन और धन से लग जाये।

क्षत्रिय महासभा बदायूं के जिला अध्यक्ष राकेश सिंह ने कहा कि जयंती समारोह मालवीय आवास गृह बदायूं पर आयोजित किया जाएगा। महाराणा प्रताप चौक को भव्यता के साथ सजाया जायेगा। भामाशाह व महाराणा प्रताप की परम्परा के निर्वहन हेतु हर वर्ष की भांति इस वर्ष भी भामाशाह सम्मान किसी सुयोग्य भामाशाह के वंशज को प्रदान किया जाएगा।

बैठक में सभी पदाधिकारियों को जिम्मेदारियां सौंपी गई।

बैठक में प्रमुख रूप से महाराणा प्रताप विकास ट्रस्ट के ट्रस्टी टीकम सिंह, सुशील कुमार सिंह, विपिन कुमार सिंह,ट्रस्ट के जिला अध्यक्ष ओमकार सिंह तोमर, महासचिव देवी सिंह देवड़ा, महासभा के जिला महामंत्री वेदपाल सिंह कठेरिया, जिला सन्गठन मंत्री धर्म वीर सिंह एडवोकेट, जिला मंत्री अखिलेश सिंह चौहान, दिनेश सिंह एडवोकेट, जिला अध्यक्ष क्षत्रिय सैनिक सभा रतन वीर सिंह तोमर, जिला अध्यक्ष युवा सभा अलंकार सिंह, जिला अध्यक्ष व्यापार सभा अभिषेक सिंह, जिला अध्यक्ष अधिवक्ता सभा सूरज पाल सिंह सोलंकी, विजय रतन सिंह, सतेन्द्र पाल सिंह, राजेश कुमार सिंह, सुरेश पाल सिंह, अवनीश कुमार सिंह, विपिन सिंह, अवधेश सिंह,गौतम सिसौदिया, तेजपाल सिंह राघव, जगमोहन सिंह राघव, पुष्पेन्द्र सिंह, कुलदीप कुमार सिंह आदि उपस्थित रहे।